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पार्थ चैटर्जी और अर्पिता मुखर्जी को गिरफ्तार कर सकती है ईडी

पार्थ चैटर्जी और अर्पिता मुखर्जी को गिरफ्तार कर सकती है ईडी

– तृणमूल कांग्रेस इस पूरे प्रकरण से अपने को रख रही है दूर

– भाजपा के नेता शुभेंदु अधिकारी का आरोप यह तो मात्र टेलर है फिल्म अभी बाकी है

अशोक  झा, सिलीगुड़ी: तृणमूल कांग्रेस के महासचिव तथा राज्य के उद्योग मंत्री पार्थ चटर्जी और उनके करीबी अर्पिता मुखर्जी को आज ईडी गिरफ्तार कर सकती है। शुक्रवार सुबह से लगातार इन दोनों के घरों पर ईडी की टीम छापामारी कर रही है। बरामद 20 करोड़ से अधिक की नकदी और संपत्ति के बारे में मंत्री पार्थ चटर्जी और अर्पिता मुखर्जी कुछ भी स्पष्ट नहीं बता पा रहे हैं। विपक्ष के लगातार हमलावर रुख को देखते हुए पार्टी पार्थो चटर्जी और पूरे घटनाक्रम से अपने को दूर ही रख रही है। राजनीतिक गलियारे में इस बात की चर्चा है कि तृणमूल कांग्रेस अपनी छवि बचाने के लिए इस पूरे प्रकरण से दूर कर सकती है। पार्टी के कुछ नेताओं का कहना है कि इस जांच के बहाने ईडी और सीबीआई ममता बनर्जी के और करीबियों पर अपना शिकंजा कसने की तैयारी कर रही है।पश्चिम बंगाल स्कूल सेवा आयोग और पश्चिम बंगाल प्राथमिक शिक्षा बोर्ड में भर्ती घोटाले से जुड़े मामले में ममता सरकार में मंत्री पर्थ चैटर्जी के साथ ही उनकी करीबी एक्ट्रेस अर्पिता मुखर्जी भी ईडी की रडार पर आ गई हैं।छापामारी के दौरान दक्षिण 24 परगना के हरिदेवपुर स्थित डायमंड सिटी साउथ स्थित मंत्री पार्थ चटर्जी की करीबी अर्पिता मुखर्जी के घर से 20 करोड़ रुपये नकद बरामद किए गए हैं। इन पैसों को दो थैलियों में छिपाकर रखा गया था। इसके अलावा अर्पिता के घर से 20 कीमती मोबाइल फोन, सोना, विदेशी मुद्रा, जमीन के दस्तावेज भी बरामद किए गए हैं। अर्पिता को पार्थ चटर्जी की कानूनी सलाहकार बताया जाता है। ईडी के अधिकारी उनसे काफी देर तक पूछताछ कर चुके हैं। पश्चिम मेदिनीपुर के पिंगला में इनकम टैक्स की टीम ने पार्थ चटर्जी के एक रिश्तेदार के घर छापा मारा। जब्त की गई रकम में 500 और 2-2 हजार के नोटों की गड्डियां शामिल हैं। उड़िया, तमिल और बांग्ला फिल्मों में काम कर चुकी एक्ट्रेस अर्पिता मुखर्जी ममता सरकार में मंत्री पार्थ चटर्जी की काफी करीबी मानी जाती हैं।अर्पिता मुखर्जी मंत्री पार्थ चटर्जी की काफी क्लोज सहयोगी हैं। जांच एजेंसी का मानना है कि सर्विस कमीशन घोटाला मामले में उनकी भी संलिप्तता है। जानकारी के मुताबिक पार्थ चटर्जी जिस पूजा कमेटी के सर्वेसर्वा हैं, अर्पिता भी उससे जुड़ी हुई हैं. एक्ट्रेस अर्पिता भी उसी पूजा पंडाल की देखभाल करती थीं. पंडाल के प्रचार और प्रसार के लिए छपे पोस्टरों में भी अर्पिता का ही फोटो रहता था। वह पार्थ चटर्जी की करीबी सहयोगी मानी जाती हैं 

पार्थ चटर्जी की करीबी हैं अर्पिता मुखर्जी
बता दें कि स्कूल सेवा आयोग करप्शन मामले में आज पार्थ चटर्जी समेत 13 लोगों के खिलाफ ईडी ने तलाशी अभियान चलाया था। इस दौरान प्रवर्तन निदेशालय ने 20 करोड़ रुपये बरामद किए हैं। पार्थ चटर्जी नाकतल्ला उद्यन संघ नाम की पूजा कमेटी का संचालन करते हैं, जिससे अर्पिता जुड़ी हुई थीं। इसी वजह से वह पार्थ चटर्जी के साथ वह संपर्क में आईं। पंडाल पूजा के लिए बने फोटो एल्बम में अर्पिता की कई तस्वीरें मौजूद हैं। जानकारी के मुताबिक लग्जरी लाइफ जीने वाली एक्ट्रेस अर्पिता का तालीगंज और बेहला में बहुत बड़ा फ्लैट मौजूद हैं।

ईडी की रडार पर ममता के मंत्री की करीबी एक्ट्रेस

साल 2017 में उन्होंने एक तमिल फिल्म में एक्टिग की थी. इससे पहले अर्पिता उड़िया और बांग्ला फिल्मों में भी काम कर चुकी हैं। वहीं पार्थ चटर्जी फिलहाल ममता बनर्जी के सबसे विश्वसनीय मंत्रियों में से एक है।  वह ममता सरकार में उद्योग मंत्री हैं।साथ ही वह तृणमूल कांग्रेस के महासचिव भी हैं.इससे पहले शिक्षकों की नियुक्ति के घोटाले में भी पार्थ चटर्जी का नाम सामने आया था। इस मामले में सीबीआई ने उनसे पूछताछ भी की थी। अब उनकी सहयोगी अर्पिता मुखर्जी भी ईडी की रडार पर आ गई हैं ।दूसरी जगहों पर भी ईडी की टीमें एक्शन में दिखाई दे रही हैं। ईडी के हाथ कई दस्तावेज भी लगे हैं, फर्जी कंपनियों के कागज मिले हैं और विदेशी करेंसी भी जब्त की गई है। बंगाल की राजनीति में इस शिक्षा घोटाले ने सियासी तापमान को बढ़ा दिया है। यहां ये जानना जरूरी है कि ये पूरी कार्रवाई हाई कोर्ट के एक आदेश के बाद शुरू हुई है। असल में बंगाल शिक्षा भर्ती घोटाले की जांच के निर्देश कलकत्ता हाई कोर्ट ने दिए थे। तब सीबीआई ने वो मामला संभाला था। लेकिन जांच के दौरान क्योंकि मनी लॉन्ड्रिंग का केस भी बना, ऐसे में ईडी भी जांच में जुट गई थी।वहीं दूसरी ओर कलकत्ता उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति अभिजीत गंगोपाध्याय की एकल-न्यायाधीश पीठ के समक्ष उनके खिलाफ नए आरोप लगाए गए। आरोप लगाया गया है कि वर्तमान में राज्य के वाणिज्य और उद्योग मंत्री चटर्जी ने तत्कालीन राज्य के शिक्षा मंत्री के रूप में उनकी सुरक्षा में लगे एक पुलिस अधिकारी के परिवार के दस सदस्यों के लिए अनैतिक रूप से नौकरी की व्यवस्था करके शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया को प्रभावित किया। याचिकाकर्ता ने सुरक्षा अधिकारी के परिवार के उन 10 सदस्यों के नाम भी प्रस्तुत किए हैं, जिन्हें अनैतिक रूप से सभी मानदंडों का उल्लंघन करते हुए शिक्षण कार्य की पेशकश की गई थी। याचिकाकर्ताओं ने उनकी भर्ती का विवरण भी एकल-न्यायाधीश पीठ को प्रस्तुत किया है। न्यायमूर्ति गंगोपाध्याय ने आरोपों को स्वीकार करते हुए कहा है कि सोमवार को मामले की विस्तार से सुनवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि अदालत में जमा किए गए दस्तावेजों की उन प्रतियों को सभी संबंधित पक्षों को भेजा जाए। शुक्रवार को याचिकाकर्ता ने नदिया जिले के पलाशीपारा विधानसभा क्षेत्र से तृणमूल के पूर्व विधायक तापस कुमार साहा के खिलाफ भी पीठ में शिकायत दर्ज कराई थी। साहा के खिलाफ आरोप है कि उसने कम से कम 25 लोगों से नौकरी दिलाने का वादा करके पैसे वसूल किए।

याचिकाकर्ता ने संपर्क नंबरों के साथ-साथ उनके द्वारा किए गए भुगतान के विवरण के साथ उन नामों की एक सूची प्रस्तुत की, जिनसे नकद स्वीकार किया गया है। याचिकाकर्ता ने इस मामले में साहा के खिलाफ शिकायत करते हुए तृणमूल के राष्ट्रीय नेता को एक पत्र की प्रति भी सौंपी। बाद में यह शिकायत की गई कि नकद प्राप्त करने के बावजूद, साहा ने भुगतान करने वाले किसी भी व्यक्ति के लिए नौकरियों की व्यवस्था नहीं की।पार्थ चटर्जी के घर पर भी शुक्रवार से ही छापेमारी चल रही है। इस बीच सवाल खड़े हो रहे हैं कि अर्पिता मुखर्जी कौन हैं और वे पार्थ चटर्जी की करीबी कैसे बनीं। ईडी की रेड से सु्र्खियों में आई अर्पिता मुखर्जी की बात करें तो वो बांग्ला फिल्म इंडस्ट्री में भी काम कर चुकी हैं, हालांकि बेहद कम समय के लिए। उन्होंने ज्यादातर साइड रोल ही किए हैं। उन्होंने बांग्ला के अलावा ओडिया और तमिल फिल्में भी की हैं। अर्पिता सुपरस्टार प्रोसेनजीत और जीत अभिनीत बांग्ला फिल्मों में भी साइड रोल कर चुकी हैं. इसके अलावा अर्पिता बंगाली फिल्म अमर अंतरनाड में भी अभिनय कर चुकी हैं। दरअसल, तृणमूल कांग्रेस के कद्दावर नेता और बंगाल सरकार में मंत्री पार्थ चटर्जी दक्षिण कोलकाता में लोकप्रिय दुर्गा पूजा समिति नकटला उदयन का संचालन करते हैं। यह कोलकाता की सबसे बड़ी दुर्गा पूजा समितियों में से एक है. अर्पिता मुखर्जी 2019 और 2020 में पार्थ चटर्जी के दुर्गा पूजा समारोह का चेहरा रह चुकी हैं। दुर्गा पूजा के दौरान जारी किए गए पोस्टर में पार्थ चटर्जी का नाम संघ के अध्यक्ष के तौर पर लिखा गया था।
अर्पिता मुखर्जी के घर पर छापा पड़ने के बाद विधानसभा में विपक्ष के नेता (बीजेपी) नेता शुभेंदु अधिकारी ने सोशल मीडिया पर कई तस्वीरें पोस्ट की हैं, जिनमें बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी नकटला उदयन संघ की दुर्गा पूजा के उद्घाटन अवसर पर नजर आ रही हैं। ममता के बगल में पार्थ चटर्जी बैठे हैं। चटर्जी के साथ टीएमसी के प्रदेश अध्यक्ष सुब्रत बख्शी भी मौजूद हैं। बख्शी के बगल में अर्पिता बैठी हैं।टीएमसी ने एक आधिकारिक बयान जारी कर खुद को इस घोटाले से दूर कर लिया है। कहा गया है कि टीएमसी का इन पैसों से कोई लेना देना नहीं है। जांच में जिनके भी नाम सामने आए हैं, जवाब देना उनका और उनके वकीलों का काम है। टीएमसी अभी पूरे मामले को करीब से देख रही है। समय आने पर प्रतिक्रिया दी जाएगी। ममता की पार्टी ने तो ये कहकर पल्ला झाड़ लिया है, लेकिन बंगाल में बीजेपी इसे लेकर आक्रामक हो गई है। रिपोर्ट अशोक झा

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